भाजपा नेता तीक्ष्ण सूद को सुरक्षा देने का आदेश, पंजाब सरकार को हाईकोर्ट का नोटिस

Published by Razak Mohammad on

न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़
Updated Tue, 12 Jan 2021 08:19 PM IST

पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट
– फोटो : amar ujala

पढ़ें अमर उजाला ई-पेपर
कहीं भी, कभी भी।

*Yearly subscription for just ₹299 Limited Period Offer. HURRY UP!

ख़बर सुनें

पंजाब भाजपा के वरिष्ठ नेता व पूर्व मंत्री तीक्ष्ण सूद की याचिका पर पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट ने पंजाब सरकार को नोटिस जारी कर जवाब मांगा है। साथ ही पंजाब सरकार को आदेश दिया है कि याची को तत्काल तीन निजी सुरक्षा अधिकारी और अन्य सुरक्षा कर्मी मुहैया कराए जाएं। याचिका दाखिल करते हुए सूद ने कहा कि पंजाब में किसान आंदोलन की आड़ में राजनेता अपना हित साधने और भाजपा नेताओं को निशाना बना रहे हैं। 

पंजाब में भाजपा नेताओं के बयानों को तोड़ मरोड़ कर इस प्रकार पेश किया जा रहा है कि जैसे भाजपा नेता किसान विरोधी हों। एक प्रेसवार्ता के दौरान याची सूद ने कहा था कि दिल्ली सीमा पर बैठे कुछ लोग कहते हैं कि कृषि कानून वापस लिए गए तो भी वह दिल्ली की सरहद नहीं छोड़ेंगे। ऐसे लोग किसान नहीं हैं और न ही उनके पास भूमि है। यह लोग तो केवल पिकनिक मनाने गए हैं। 

उन्होंने कहा कि मेरे इस बयान को इस प्रकार पेश किया गया कि किसान दिल्ली में पिकनिक मनाने जा रहे हैं। याची ने बताया कि पंजाब में कानून व्यवस्था गुंडों के हाथ में है और पुलिस मजबूरन चुपचाप बैठी है। याची ने इस प्रकार के हमलों को सरकार द्वारा खेला जाने वाला खेल करार दिया।  

जान से मारने का प्रयास का आरोप
पूर्व मंत्री ने हाईकोर्ट को बताया कि एक जनवरी को उनके घर पर कुछ लोगों ने हमला कर दिया था। वह खुद को किसान समर्थक बता रहे थे और घर के दरवाजे पर गोबर डाल दिया। इस दौरान याची को जान से मारने का प्रयास किया गया। हमला करने वाले असल में वह एक मंत्री के समर्थक हैं। याची ने कहा कि इस आंदोलन का सहारा लेकर भाजपा नेताओं को निशाना बनाया जा रहा है। ऐसे में याची ने अपने और अपने परिवार के लिए 24 घंटे सुरक्षा उपलब्ध करवाने के निर्देश जारी करने की अपील की है। 

पंजाब भाजपा के वरिष्ठ नेता व पूर्व मंत्री तीक्ष्ण सूद की याचिका पर पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट ने पंजाब सरकार को नोटिस जारी कर जवाब मांगा है। साथ ही पंजाब सरकार को आदेश दिया है कि याची को तत्काल तीन निजी सुरक्षा अधिकारी और अन्य सुरक्षा कर्मी मुहैया कराए जाएं। याचिका दाखिल करते हुए सूद ने कहा कि पंजाब में किसान आंदोलन की आड़ में राजनेता अपना हित साधने और भाजपा नेताओं को निशाना बना रहे हैं। 

पंजाब में भाजपा नेताओं के बयानों को तोड़ मरोड़ कर इस प्रकार पेश किया जा रहा है कि जैसे भाजपा नेता किसान विरोधी हों। एक प्रेसवार्ता के दौरान याची सूद ने कहा था कि दिल्ली सीमा पर बैठे कुछ लोग कहते हैं कि कृषि कानून वापस लिए गए तो भी वह दिल्ली की सरहद नहीं छोड़ेंगे। ऐसे लोग किसान नहीं हैं और न ही उनके पास भूमि है। यह लोग तो केवल पिकनिक मनाने गए हैं। 

उन्होंने कहा कि मेरे इस बयान को इस प्रकार पेश किया गया कि किसान दिल्ली में पिकनिक मनाने जा रहे हैं। याची ने बताया कि पंजाब में कानून व्यवस्था गुंडों के हाथ में है और पुलिस मजबूरन चुपचाप बैठी है। याची ने इस प्रकार के हमलों को सरकार द्वारा खेला जाने वाला खेल करार दिया।  

जान से मारने का प्रयास का आरोप

पूर्व मंत्री ने हाईकोर्ट को बताया कि एक जनवरी को उनके घर पर कुछ लोगों ने हमला कर दिया था। वह खुद को किसान समर्थक बता रहे थे और घर के दरवाजे पर गोबर डाल दिया। इस दौरान याची को जान से मारने का प्रयास किया गया। हमला करने वाले असल में वह एक मंत्री के समर्थक हैं। याची ने कहा कि इस आंदोलन का सहारा लेकर भाजपा नेताओं को निशाना बनाया जा रहा है। ऐसे में याची ने अपने और अपने परिवार के लिए 24 घंटे सुरक्षा उपलब्ध करवाने के निर्देश जारी करने की अपील की है। 

Source link


0 Comments

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *