नगर निगम चुनावों में: दिग्गजों ने दिग्गजों की वापसी शुरू कर दी है

Shimla News


सुरेश शांडिल्य, अमर उजाला, शिमला

द्वारा प्रकाशित: कृष्ण सिंह
अद्यतित बुध, ० Updated अप्रैल २०२१ 02:35 AM IST

नगर निगम चुनाव हिमाचल
– फोटो: अमर उजाला

ख़बर सुनना

हिमाचल प्रदेश के इतिहास में पहली बार एक साथ होने से चार नगर निगमों के चुनाव में भाजपा और कांग्रेस के दिग्गजों की प्रतिष्ठा दांव पर है। पार्टी सिंबल पर हो रहे चुनाव को भाजपा और कांग्रेस ने बहुत गंभीरता से लिया है। उनके नतीजों की छाया आगामी उपचुनावों के अलावा अगले साल होने वाले विधानसभा चुनाव पर भी पड़ सकती है। राज्य के इन चार नगर निगमों में 64 पार्षद चुने जाएंगे, जिनके लिए मैदान में पौने तीन सौ से ज्यादा उम्मीदवार हैं। इन दोनों दलों के नेताओं के अलावा कई बागी भी चुनाव लड़ रहे हैं। मंडी, सोलन और पालमपुर नए नगर निगम बनाए गए हैं। धर्मशाला नगर निगम के चुनाव कार्यकाल पूरा होने पर प्रस्तावित हैं।

सबसे हॉट मेड मंडी नगर निगम
नया नगर निगम मंडी सबसे हॉट बन गया है। यहां 15 वार्ड हैं। मंडी हाउसर से पूर्व केंद्रीय मंत्री पंडित सुखराम के बेटे अनिल शर्मा भाजपा विधायक हैं। उन पर कांग्रेस का पक्ष लेने का आरोप है। सीएम उन्हें कार्रवाई की भी चेतावनी दे चुके हैं। जयराम ठाकुर का गृह जिला होने के कारण वह इस नवगीत निगम की जंग में किसी सूरत में भी डिफ़ॉल्टना नहीं चाहते हैं। वह प्रचार के लिए खुद गली-गली जा रहे हैं। कांग्रेस के आयु वर्ग के नेता पंडित सुखराम खुद प्रचार कर रहे हैं। यह चुनाव सीएम जयराम ठाकुर की अपने जिले में प्रतिष्ठा और सुखराम परिवार के भविष्य को तय करेगा। यहां मंत्री महेंद्र सिंह ठाकुर भाजपा के चुनाव प्रभारी हैं। कांग्रेस ने पूर्व मंत्री जीएसली के अलावा वीरभद्र सिंह के पुत्र विधायक विक्रमादित्य सिंह को जीत का जिम्मा दिया।]

धर्मशाला में मंत्री पठानिया के दमखम और सुधीर शर्मा के वर्चस्व की लड़ाई
नगर निगम धर्मशाला में 17 वार्डों के लिए चुनाव हो रहे हैं। भाजपा ने इस निगम पर भाजपा का परचम लहराने की बातेंेवारी वन मंत्री राकेश पठानिया को सौंपी है। कभी धूमल खेमे में रह चुके पठानिया की बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष प्रकाश प्रकाश नड्डा से नजदीकता है, इसलिए नामोंेवारी में वृद्धि हुई है। केंद्रीय वित्त राज्य मंत्री अनुराग ठाकुर भी यहां आकर प्रचार कर चुके हैं। सांसद किशन कपूर भी यहीं से विधायक रहे हैं। कांग्रेस ने यहां पूर्व पार्टी प्रदेश अध्यक्ष सुखविंद्र सिंह सुक्खू को चुनाव प्रभारी बनाया है। पूर्व मंत्री सुधीर शर्मा का विधानसभा हलका होने के कारण वह दिन-रात एक कर रहे हैं।

शांता के घर पालमपुर में भी बुटीक परिवार की परीक्षा
नगर निगम पालमपुर के गठन में पूर्व मुख्यमंत्री शांता कुमार की बड़ी भूमिका रही है, लेकिन वह सक्रिय राजनीति से नफरतें हैं। यहां 15 वार्डों में चुनाव हो रहे हैं। भाजपा ने यहां चुनाव जिताने की खास बतानेेवारी उद्योग मंत्री बिक्रम सिंह को दी है। राज्य सभा की सांसद इंदु गोस्वामी भी पालमपुर हलके से विधानसभा चुनाव हार चुकी हैं। वूल फेडरेशन के अध्यक्ष त्रिलोक कपूर भी यहीं से हैं। पूर्व विधानसभा अध्यक्ष बृज बिहारी बुटेलल का पालमपुर में खासा प्रभाव रहा है। उनके बेटे आशीष बुटेल यहां से कांग्रेस विधायक हैं। कांग्रेस ने यहां चुनाव प्रभारी पूर्व कांग्रेस प्रदेशाध्यक्ष और पूर्व मंत्री कौल सिंह ठाकुर को बनाया है।

सोलन में राजीव बिंदल और राजेंद्र राणा के चुनाव प्रबंधन पर नजर
नगर निगम सोलन में 17 वार्डों में चुनाव होते हैं। यहां भाजपा के चुनाव प्रबंधन में कुशाग्र माने जाने वाले पूर्व भाजपा प्रदेश अध्यक्ष और पूर्व विधानसभा अध्यक्ष राजीव बिंदल को चुनाव प्रभारी बनाया गया है। बिंदल के प्रबंधन पर सबकी नजरें हैं, जिसका तोड़ निकालने के लिए राजेंद्र राणा यहां कांग्रेस के प्रभारी हैं। पूर्व मंत्री और सोनिया गांधी की टीम में रहे कांग्रेस वर्किंग कमेटी के पूर्व सदस्य स्थानीय विधायक धनीराम शांडिल भी यहां खासी जद्दोजहद कर रहे हैं।

हिमाचल प्रदेश के इतिहास में पहली बार एक साथ होने से चार नगर निगमों के चुनाव में भाजपा और कांग्रेस के दिग्गजों की प्रतिष्ठा दांव पर है। पार्टी सिंबल पर हो रहे चुनाव को भाजपा और कांग्रेस ने बहुत गंभीरता से लिया है। उनके नतीजों की छाया आगामी उपचुनावों के अलावा अगले साल होने वाले विधानसभा चुनाव पर भी पड़ सकती है। राज्य के इन चार नगर निगमों में 64 पार्षद चुने जाएंगे, जिनके लिए मैदान में पौने तीन सौ से ज्यादा उम्मीदवार हैं। इन दोनों दलों के नेताओं के अलावा कई बागी भी चुनाव लड़ रहे हैं। मंडी, सोलन और पालमपुर नए नगर निगम बनाए गए हैं। धर्मशाला नगर निगम के चुनाव कार्यकाल पूरा होने पर प्रस्तावित हैं।

सबसे हॉट मेड मंडी नगर निगम

नया नगर निगम मंडी सबसे हॉट बन गया है। यहां 15 वार्ड हैं। मंडी हाउसर से पूर्व केंद्रीय मंत्री पंडित सुखराम के बेटे अनिल शर्मा भाजपा विधायक हैं। उन पर कांग्रेस का पक्ष लेने का आरोप है। सीएम उन्हें कार्रवाई की भी चेतावनी दे चुके हैं। जयराम ठाकुर का गृह जिला होने के कारण वह इस नवगीत निगम की जंग में किसी सूरत में भी डिफ़ॉल्टना नहीं चाहते हैं। वह प्रचार के लिए खुद गली-गली जा रहे हैं। कांग्रेस के आयु वर्ग के नेता पंडित सुखराम खुद प्रचार कर रहे हैं। यह चुनाव सीएम जयराम ठाकुर की अपने जिले में प्रतिष्ठा और सुखराम परिवार के भविष्य को तय करेगा। यहां मंत्री महेंद्र सिंह ठाकुर भाजपा के चुनाव प्रभारी हैं। कांग्रेस ने पूर्व मंत्री जीएसली के अलावा वीरभद्र सिंह के पुत्र विधायक विक्रमादित्य सिंह को जीत का जिम्मा दिया।]

धर्मशाला में मंत्री पठानिया के दमखम और सुधीर शर्मा के वर्चस्व की लड़ाई

नगर निगम धर्मशाला में 17 वार्डों के लिए चुनाव हो रहे हैं। भाजपा ने इस निगम पर भाजपा का परचम लहराने की बातेंेवारी वन मंत्री राकेश पठानिया को सौंपी है। कभी धूमल खेमे में रह चुके पठानिया की भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष जगत प्रकाश नड्डा से निकटता है, इसलिए नामोंेवारी में वृद्धि हुई है। केंद्रीय वित्त राज्य मंत्री अनुराग ठाकुर भी यहां आकर प्रचार कर चुके हैं। सांसद किशन कपूर भी यहीं से विधायक रहे हैं। कांग्रेस ने यहां पूर्व पार्टी प्रदेश अध्यक्ष सुखविंद्र सिंह सुक्खू को चुनाव प्रभारी बनाया है। पूर्व मंत्री सुधीर शर्मा का विधानसभा हलका होने के कारण वह दिन-रात एक कर रहे हैं।

शांता के घर पालमपुर में भी बुटीक परिवार की परीक्षा

नगर निगम पालमपुर के गठन में पूर्व मुख्यमंत्री शांता कुमार की बड़ी भूमिका रही है, लेकिन वह सक्रिय राजनीति से नफरतें हैं। यहां 15 वार्डों में चुनाव हो रहे हैं। भाजपा ने यहां चुनाव जिताने की खास बतानेेवारी उद्योग मंत्री बिक्रम सिंह को दी है। राज्य सभा की सांसद इंदु गोस्वामी भी पालमपुर हलके से विधानसभा चुनाव हार चुकी हैं। वूल फेडरेशन के अध्यक्ष त्रिलोक कपूर भी यहीं से हैं। पूर्व विधानसभा अध्यक्ष बृज बिहारी बुटेलल का पालमपुर में खासा प्रभाव रहा है। उनके बेटे आशीष बुटेल यहां से कांग्रेस विधायक हैं। कांग्रेस ने यहां चुनाव प्रभारी पूर्व कांग्रेस प्रदेशाध्यक्ष और पूर्व मंत्री कौल सिंह ठाकुर को बनाया है।

सोलन में राजीव बिंदल और राजेंद्र राणा के चुनाव प्रबंधन पर नजर

नगर निगम सोलन में 17 वार्डों में चुनाव होते हैं। यहां भाजपा के चुनाव प्रबंधन में कुशाग्र माने जाने वाले पूर्व भाजपा प्रदेश अध्यक्ष और पूर्व विधानसभा अध्यक्ष राजीव बिंदल को चुनाव प्रभारी बनाया गया है। बिंदल के प्रबंधन पर सबकी नजरें हैं, जिसका तोड़ निकालने के लिए राजेंद्र राणा यहां कांग्रेस के प्रभारी हैं। पूर्व मंत्री और सोनिया गांधी की टीम में रहे कांग्रेस वर्किंग कमेटी के पूर्व सदस्य स्थानीय विधायक धनीराम शांडिल भी यहां खासी जद्दोजहद कर रहे हैं।





Source link

mc चुनाव नवीनतम समाचार एमसी चुनाव हिमाचल नगर निगम चुनाव नगर निगम चुनाव हिमाचल नवीनतम शिमला समाचार हिंदी में नेताओं की प्रतिष्ठा दांव पर राजनीतिक समाचार हिमाचल शिमला समाचार हिंदी में शिमला हिंदी समचार

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Related Posts

Shimla News

शिमला में 22 अप्रैल से फिर से इंटर्न स्पेस स्टेशन होगा

अमर उजाला नेटवर्क, शिमला

द्वारा प्रकाशित: कृष्ण सिंह
अद्यतित मंगल, 20 अप्रैल 2021 05:00 पूर्वाह्न IST

शिमला में स्पेस स्टेशन (फाइल)
– फोटो: अमर उजाला

ख़बर सुनकर

Shimla News

शहरवासियों को नगर निगम ने कई तोहफे, बनेंगे रोड, लगेंगी लाइटें

शिमला के नगर निगम में निगम की वित्त संधि समिति की बैठक की शीर्ष मांगों महापौर।
– फोटो: SHIMLA CITY

ख़बर सुनना

ख़बर सुनना

शिमला।

Shimla News

आईजीएमसी में कोरोना रोगियों के लिए दवाइयों और ऑक्सीजन की पर्याप्त व्यवस्था करें प्रबंधन

शिमला के आईजीएमसी अस्पताल में कोरोना के मामले में बढ़ने के कारण समीक्षा बैठक करते हैं स्वास्थ्य मंत?
– फोटो: SHIMLA CITY

ख़बर सुनकर

ख़बर

Shimla News

कुल्लू: कसोल में ढाबे से एक किलो 312 ग्राम चरस बरामद, महिला गिरफ्तार

अमर उजाला नेटवर्क, कुल्लू

द्वारा प्रकाशित: अरविंद ठाकुर
Updated Mon, 19 Apr 2021 11:34 AM IST

एको 312 ग्राम चर
– फोटो: अमर उजाला

ख़बर सुनना

ख़बर