दिल्ली में प्लाज्मा थेरेपी पर रोक नहीं, इसी से मैं हुआ ठीक : सत्येंद्र जैन

Published by Razak Mohammad on

अमर उजाला नेटवर्क, नई दिल्ली
Updated Thu, 10 Sep 2020 06:03 PM IST

पढ़ें अमर उजाला ई-पेपर
कहीं भी, कभी भी।

*Yearly subscription for just ₹365 & To get 20% off, use code: 20OFF

ख़बर सुनें

कोरोना वायरस के उपचार में चिकित्सीय तौर पर बेअसर मिले प्लाज्मा थेरेपी को लेकर दिल्ली के स्वास्थ्य मंत्री सत्येंद्र जैन का कहना है कि उन्हें इसके प्रभावों के बारे में अच्छे से पता है। वह खुद प्लाज्मा थेरेपी की वजह से ठीक हुए हैं।

गुरुवार को सत्येंद्र जैन ने कहा कि राजधानी में अब तक एक हजार से ज्यादा कोरोना संक्रमित मरीजों को प्लाज्मा थेरेपी दी जा चुकी है। ज्यादात्तर मरीजों को इसका फायदा हुआ है और उनकी जिंदगी भी बची है। इसमें मैं खुद भी शामिल हूं। 

दरअसल बीते माह जून में सत्येंद्र जैन कोरोना वायरस की चपेट में आने की वजह से काफी दिन अस्पताल में रहे थे। राजीव गांधी सुपर स्पेशलिटी अस्पताल में भर्ती होने के बाद उनकी हालत में सुधार नहीं हुआ तो प्राइवेट अस्पताल में शिफ्ट करना पड़ा।

यहां उन्हें प्लाज्मा थेरेपी दी गई थी, जिसके कुछ दिनों बाद वो ठीक होकर घर आ गए थे। मंत्री जैन का यहां तक कहना है कि आईसीएमआर ने अब तक यह नहीं कहा है कि प्लाज्मा थेरेपी से फायदा नहीं हो रहा है। वे सिर्फ वेंटिलेटर पर चले गए मरीजों की बात कर रहे हैं। उन्होंने कहा है कि फिलहाल दिल्ली में कोविड मरीजों के इलाज में प्लाज्मा थेरेपी का इस्तेमाल जारी रहेगा।

कोरोना वायरस के उपचार में चिकित्सीय तौर पर बेअसर मिले प्लाज्मा थेरेपी को लेकर दिल्ली के स्वास्थ्य मंत्री सत्येंद्र जैन का कहना है कि उन्हें इसके प्रभावों के बारे में अच्छे से पता है। वह खुद प्लाज्मा थेरेपी की वजह से ठीक हुए हैं।

गुरुवार को सत्येंद्र जैन ने कहा कि राजधानी में अब तक एक हजार से ज्यादा कोरोना संक्रमित मरीजों को प्लाज्मा थेरेपी दी जा चुकी है। ज्यादात्तर मरीजों को इसका फायदा हुआ है और उनकी जिंदगी भी बची है। इसमें मैं खुद भी शामिल हूं। 

दरअसल बीते माह जून में सत्येंद्र जैन कोरोना वायरस की चपेट में आने की वजह से काफी दिन अस्पताल में रहे थे। राजीव गांधी सुपर स्पेशलिटी अस्पताल में भर्ती होने के बाद उनकी हालत में सुधार नहीं हुआ तो प्राइवेट अस्पताल में शिफ्ट करना पड़ा।

यहां उन्हें प्लाज्मा थेरेपी दी गई थी, जिसके कुछ दिनों बाद वो ठीक होकर घर आ गए थे। मंत्री जैन का यहां तक कहना है कि आईसीएमआर ने अब तक यह नहीं कहा है कि प्लाज्मा थेरेपी से फायदा नहीं हो रहा है। वे सिर्फ वेंटिलेटर पर चले गए मरीजों की बात कर रहे हैं। उन्होंने कहा है कि फिलहाल दिल्ली में कोविड मरीजों के इलाज में प्लाज्मा थेरेपी का इस्तेमाल जारी रहेगा।



Source link


0 Comments

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *