ट्रंप को झटका, दोस्त रोजर स्टोन की सजा माफ करने के फैसले की होगी जांच

Published by Razak Mohammad on


वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, वॉशिंगटन

Updated Tue, 15 Sep 2020 07:03 AM IST

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अमेरिका में चुनावी सरगर्मी के बीच राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप को झटका लगा है। अमेरिकी न्याय विभाग ने ट्रंप के लंबे समय से दोस्त रहे रोजर स्टोन की सजा खत्म करने के फैसले की आंतरिक जांच का फैसला लिया है। बता दें कि व्हाइट हाउस की तरफ से रोजर स्टोन की सजा माफ कर दी गई थी। 

बता दें कि डोनाल्ड ट्रंप ने इसी साल जुलाई में 2016 के अमेरिकी चुनाव में रूसी हस्तक्षेप की जांच करने वाले कानूनविदों के सामने झूठ बोलने और गवाहों को प्रभावित करने के लिए दोषी ठहराए गए अपने लंबे समय के दोस्त और सलाहकार रोजर स्टोन की सजा को कम करने को कहा था।

67 साल के रोजर को जॉर्जिया के जेसप में स्थित फेडरल जेल में रिपोर्ट करने को कहा गया था। यहां उन्हें तीन साल और चार महीने की सजा काटनी थी। उन्हें यह सजा 2016 के राष्ट्रपति चुनाव में रूसी हस्तक्षेप को लेकर जांचकर्ताओं के सामने झूठ बोलने को लेकर सुनाई गई थी। लेकिन राष्ट्रपति ने ये सजा माफ कर दी थी। 

ट्रंप के साथ अनुभवी रिपब्लिकन की दोस्ती दशकों पहले की है। स्टोन ट्रंप के कई सहयोगियों में शामिल थे, जिसपर पूर्व विशेष वकील रॉबर्ट मुलर की जांच में आरोप लगाए थे। उन्होंने ट्रंप की उम्मीदवारी को बढ़ावा देने के लिए 2016 में रूसी हस्तक्षेप का दस्तावेजीकरण किया था। व्हाइट हाउस ने स्टोन के लिए क्षमादान के फैसले की घोषणा की थी।

  

अमेरिका में चुनावी सरगर्मी के बीच राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप को झटका लगा है। अमेरिकी न्याय विभाग ने ट्रंप के लंबे समय से दोस्त रहे रोजर स्टोन की सजा खत्म करने के फैसले की आंतरिक जांच का फैसला लिया है। बता दें कि व्हाइट हाउस की तरफ से रोजर स्टोन की सजा माफ कर दी गई थी। 

बता दें कि डोनाल्ड ट्रंप ने इसी साल जुलाई में 2016 के अमेरिकी चुनाव में रूसी हस्तक्षेप की जांच करने वाले कानूनविदों के सामने झूठ बोलने और गवाहों को प्रभावित करने के लिए दोषी ठहराए गए अपने लंबे समय के दोस्त और सलाहकार रोजर स्टोन की सजा को कम करने को कहा था।

67 साल के रोजर को जॉर्जिया के जेसप में स्थित फेडरल जेल में रिपोर्ट करने को कहा गया था। यहां उन्हें तीन साल और चार महीने की सजा काटनी थी। उन्हें यह सजा 2016 के राष्ट्रपति चुनाव में रूसी हस्तक्षेप को लेकर जांचकर्ताओं के सामने झूठ बोलने को लेकर सुनाई गई थी। लेकिन राष्ट्रपति ने ये सजा माफ कर दी थी। 

ट्रंप के साथ अनुभवी रिपब्लिकन की दोस्ती दशकों पहले की है। स्टोन ट्रंप के कई सहयोगियों में शामिल थे, जिसपर पूर्व विशेष वकील रॉबर्ट मुलर की जांच में आरोप लगाए थे। उन्होंने ट्रंप की उम्मीदवारी को बढ़ावा देने के लिए 2016 में रूसी हस्तक्षेप का दस्तावेजीकरण किया था। व्हाइट हाउस ने स्टोन के लिए क्षमादान के फैसले की घोषणा की थी।

  



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