कांग्रेस विधायक के पत्र से राजस्थान की राजनीति में गहमागहमी, सबसे भ्रष्ट मंत्री को हटाने की मांग की

Published by Razak Mohammad on

न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जयपुर

Updated Wed, 16 Sep 2020 09:38 AM IST

राजस्थान के मुख्यमंत्री अशोक गहलोत
– फोटो : ANI

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राजस्थान सरकार के पूर्व मंत्री और सांगोद से कांग्रेस विधायक भरत सिंह कुंदरपुर के एक पत्र ने राजस्थान की राजनीति में गहमागहमी बढ़ा दी है। भरत सिंह मुख्यमंत्री अशोक गहलोत को चिट्ठी लिखकर सबसे ज्यादा बर्खास्त मंत्री को हटाने की मांग की है, हालांकि उन्होंने पत्र में किसी का नाम नहीं लिखा है।

दरअसल, मुख्यमंत्री ने मंत्रियों के प्रभार जिले बदलने का फैसला लिया था, जिसके बाद भरत सिंह उन्हें ये चिट्ठी लिखी है। किसी का नाम ना होने के बाद राजनीति के जानकारों ने हड़ौती के मंत्री की ओर इस बात का इशारा किया है। जानकारों का कहना है कि भरत सिंह हतौड़ी के मंत्री को पहले भी निशाने पर लेते रहे हैं।

भरत सिंह की चिट्ठी का फायदा बैठे-बिठाए राज्य की विपक्षी पार्टी बीजेपी को मिल गया है। बीजेपी के प्रदेशाध्यक्ष सतीश पूनिया, केंद्रीय जलशक्ति मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत सहित तमाम ने भरत सिंह को मोहरा बनाकर राज्य सरकार और मुख्यमंत्री को घेरा है।

भरत सिंह ने अपने पत्र में लिखा कि समाचार में इस बात की जानकारी मिली केि मुख्यमंत्री अशोक गहलोटत ने प्रभारी मंत्रियों के जिलों में बदलाव किया है। उन्होंने आगे लिखा कि इसका कितना फायदा मिलेगा, ये तो बाद में पता चलेगा लेकिन इस बात की जरुरत है कि जनता को मंत्रिमंडल के सबसे भ्रष्ट मंत्री के बारे में पता चले और मुख्यमंत्री उसे अपने पद से बर्खास्त करें।

भरत सिंह ने लिखा कि ये मंत्री भ्रष्टाचार के माफिया हैं और वो इनका नाम लिखना जरूरी नहीं समझते हैं। उन्होंने आगे लिखा कि गंदगी की बदबू नजदीक के लोगों को ज्यादा दुर्गंध देती है। वहीं सतीश पूनिया ने इस पत्र को लेकर कांग्रेस सरकार पर निशाना साधा है।

पूनिया ने ट्वीट किया और लिखा कि ये लो जी, एकदम ताजा है औऱ पक्का। जिम्मेदारी के साथ कह सकता हूं कि ये पत्र बीजेपी राजस्थान ने नहीं लिखवाया है। माखन चुराया किसने? कब? फिर भी बने हुए हैं, बनाए हुए हैं। पूनिया आगे लिखते हैं कि अशोक गहलोत जी इश्क की इम्तिहा और भी हैं..

इसके अलावा गजेंद्र सिंह शेखावत ने भी मुख्यमंत्री पर निशाना साधते हुए कहा कि लगता है मुख्यमंत्री जी द्वारा कृत फिल्म नकारा निकम्म का भाग-2 भी जल्द ही रिलीज होने वाली है।

राजस्थान सरकार के पूर्व मंत्री और सांगोद से कांग्रेस विधायक भरत सिंह कुंदरपुर के एक पत्र ने राजस्थान की राजनीति में गहमागहमी बढ़ा दी है। भरत सिंह मुख्यमंत्री अशोक गहलोत को चिट्ठी लिखकर सबसे ज्यादा बर्खास्त मंत्री को हटाने की मांग की है, हालांकि उन्होंने पत्र में किसी का नाम नहीं लिखा है।

दरअसल, मुख्यमंत्री ने मंत्रियों के प्रभार जिले बदलने का फैसला लिया था, जिसके बाद भरत सिंह उन्हें ये चिट्ठी लिखी है। किसी का नाम ना होने के बाद राजनीति के जानकारों ने हड़ौती के मंत्री की ओर इस बात का इशारा किया है। जानकारों का कहना है कि भरत सिंह हतौड़ी के मंत्री को पहले भी निशाने पर लेते रहे हैं।

भरत सिंह की चिट्ठी का फायदा बैठे-बिठाए राज्य की विपक्षी पार्टी बीजेपी को मिल गया है। बीजेपी के प्रदेशाध्यक्ष सतीश पूनिया, केंद्रीय जलशक्ति मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत सहित तमाम ने भरत सिंह को मोहरा बनाकर राज्य सरकार और मुख्यमंत्री को घेरा है।

भरत सिंह ने अपने पत्र में लिखा कि समाचार में इस बात की जानकारी मिली केि मुख्यमंत्री अशोक गहलोटत ने प्रभारी मंत्रियों के जिलों में बदलाव किया है। उन्होंने आगे लिखा कि इसका कितना फायदा मिलेगा, ये तो बाद में पता चलेगा लेकिन इस बात की जरुरत है कि जनता को मंत्रिमंडल के सबसे भ्रष्ट मंत्री के बारे में पता चले और मुख्यमंत्री उसे अपने पद से बर्खास्त करें।

भरत सिंह ने लिखा कि ये मंत्री भ्रष्टाचार के माफिया हैं और वो इनका नाम लिखना जरूरी नहीं समझते हैं। उन्होंने आगे लिखा कि गंदगी की बदबू नजदीक के लोगों को ज्यादा दुर्गंध देती है। वहीं सतीश पूनिया ने इस पत्र को लेकर कांग्रेस सरकार पर निशाना साधा है।

पूनिया ने ट्वीट किया और लिखा कि ये लो जी, एकदम ताजा है औऱ पक्का। जिम्मेदारी के साथ कह सकता हूं कि ये पत्र बीजेपी राजस्थान ने नहीं लिखवाया है। माखन चुराया किसने? कब? फिर भी बने हुए हैं, बनाए हुए हैं। पूनिया आगे लिखते हैं कि अशोक गहलोत जी इश्क की इम्तिहा और भी हैं..

इसके अलावा गजेंद्र सिंह शेखावत ने भी मुख्यमंत्री पर निशाना साधते हुए कहा कि लगता है मुख्यमंत्री जी द्वारा कृत फिल्म नकारा निकम्म का भाग-2 भी जल्द ही रिलीज होने वाली है।





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